नई दिल्ली, 3 अप्रैल
कनाडाई शोधकर्ताओं की एक टीम ने दुर्लभ बचपन के दस्त से जुड़े तीन नए जीन की पहचान की है।
CODE (जन्मजात दस्त और एंटरोपैथी) नामक दुर्लभ स्थिति आंत में कोशिकाओं के कार्य को बाधित करती है, जिससे दस्त होता है। यह शिशुओं को बढ़ने और पनपने के लिए आवश्यक पोषक तत्वों को अवशोषित करने से भी रोकता है।
द हॉस्पिटल फॉर सिक चिल्ड्रन (सिककिड्स) की टीम ने संदिग्ध CODE वाले 129 शिशुओं पर जीनोम अनुक्रमण किया।
वैज्ञानिकों ने उन्नत कम्प्यूटेशनल विधियों और ज़ेब्राफ़िश मॉडल का उपयोग करके नए CODE जीन के कार्य को चिह्नित किया
विश्लेषण उल्लेखनीय रूप से सफल रहा, जिससे 48 प्रतिशत मामलों का निदान हुआ।
न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ़ मेडिसिन में प्रकाशित निष्कर्षों में CODE से जुड़े तीन नए जीन पाए गए - GRWD1, MYO1A और MON1A - और 62 परिवारों को उत्तर प्रदान किए।
सिककिड्स के सेल एंड सिस्टम्स बायोलॉजी प्रोग्राम में स्टाफ गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट और वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. एलेक्सियो म्यूइस ने कहा, "शिशुओं में बिना निदान के होने वाला दस्त घातक हो सकता है, लेकिन तब भी जब इसका निदान न हो, दुर्लभ स्थितियों का शीघ्र निदान परिवारों के लिए बहुत जरूरी उत्तर प्रदान करने में मदद कर सकता है।"