चंडीगढ़, 27 मार्च
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने गुरुवार को कहा कि राज्य में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए सरकार द्वारा की जा रही अथक कोशिशों के तहत पंजाब जल्द ही राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं की मेज़बानी करेगा।
यहां 1975 हॉकी विश्व कप विजेता टीम, राष्ट्रीय खेलों के विजेताओं, 'खेडां वतन पंजाब दियां' और 'पैरा खेडां वतन पंजाब दियां' के विजेताओं के सम्मान समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने यह मुद्दा कई मंचों पर उठाया है और अब इसके सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब जल्द ही चार देशों की हॉकी लीग की मेज़बानी करेगा। उन्होंने कहा कि राज्य में इसी तरह की कई और प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाएंगी ताकि पंजाब में खेल संस्कृति को और बढ़ावा दिया जा सके। भगवंत सिंह मान ने कहा कि नशे के खतरे से युवाओं को बचाने के लिए राज्य के हर गांव में खेल मैदान और जिम खोले जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बड़ी संख्या में खिलाड़ी तैयार करने के लिए अभियान को जोर-शोर से चला रही है ताकि अधिक से अधिक पंजाबी खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए राष्ट्रीय टीम में शामिल हो सकें। भगवंत सिंह मान ने जोर देकर कहा कि पंजाब के पास असीम खेल प्रतिभा है और पंजाब सरकार इस बात में कोई कसर नहीं छोड़ेगी कि पंजाब के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में हिस्सा लें और भारत के लिए पदक जीतें। उन्होंने कहा कि पंजाब देश का पहला राज्य है, जिसने खिलाड़ियों के लिए अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं की तैयारी के लिए भी फंड उपलब्ध कराए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब और खेलों का आपसी रिश्ता बहुत गहरा है, जिसके कारण पंजाबी खिलाड़ियों ने इन खेलों में अपनी काबिलियत का सबूत दिया है। भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य के युवाओं को विरासत में खेल संस्कृति मिली है, लेकिन पिछली सरकारें आवश्यक बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराने में नाकाम रहीं। उन्होंने कहा कि अब खिलाड़ियों को अत्याधुनिक खेल संस्कृति और विश्व स्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार खेलों के क्षेत्र में राज्य की पुरातन शान बहाल करने के लिए वचनबद्ध है और इस कार्य के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही है। भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य सरकार की अथक कोशिशों के कारण खिलाड़ियों ने अपने लिए राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अलग पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि यह बहुत गर्व की बात है कि 1975 की हॉकी विश्व कप विजेता टीम में आठ खिलाड़ी और कोच के साथ-साथ मैनेजर पंजाब से संबंधित थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 1975 का विश्व कप देश के लिए गर्व का पल था क्योंकि भारत ने एकमात्र विश्व कप जीता। उन्होंने दुख व्यक्त किया कि पिछली सरकार ने कभी भी खेलों और खिलाड़ियों की परवाह नहीं की, लेकिन उनकी सरकार ने इस पर पूरा ध्यान दिया है ताकि खिलाड़ियों को प्रोत्साहन मिले और युवाओं को उनसे प्रेरणा मिले। भगवंत सिंह मान ने कहा कि यह एक अनूठा समारोह है क्योंकि जिन्होंने देश के झंडे को ऊंचा उठाया है, वे इस समारोह में मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि वे एक कट्टर खेल प्रेमी हैं, इसलिए यह उनके लिए बहुत गर्व की बात है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाबियों ने खेलों के क्षेत्र में हमेशा शानदार प्रदर्शन किया है और यह समारोह उनकी मेहनत, लगन और समर्पण भावना का प्रमाण है। भगवंत सिंह मान ने कहा कि राज्य सरकार पंजाब में खेलों को प्रफुल्लित करने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ रही है ताकि अधिक से अधिक खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक लेकर आएं। उन्होंने कहा कि राज्य में युवाओं की असीम ऊर्जा को सही दिशा देने के लिए पंजाब में खेल नर्सरियां स्थापित की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खेल संस्कृति को प्रोत्साहित करना राज्य सरकार की नशों के खिलाफ अभियान में सबसे प्रभावशाली साधन हो सकता है, जिसके कारण पंजाब इस दिशा में कोई कसर नहीं छोड़ रहा है। भगवंत सिंह मान ने आगे कहा कि खेलों में शामिल युवाओं के पास नशों की ओर जाने का समय नहीं होता क्योंकि वे अपने-अपने क्षेत्रों में पहचान बनाने के लिए अपनी पूरी ताकत लगा रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि 'खेडां वतन पंजाब दियां' राज्य सरकार द्वारा हर साल आयोजित किए जाते हैं, जो खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए एक मंच प्रदान करने की दिशा में एक सही कदम है।
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि ये खेल राज्य सरकार को खिलाड़ियों की ताकतों और कमजोरियों की पहचान करने में मदद करते हैं, जो भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के लिए उन्हें तैयार करने के लिए लाभदायक हैं। उन्होंने आगे कहा कि राज्य सरकार राज्य में खेलों को लोकप्रिय बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ रही है क्योंकि यह राज्य की प्रगति और लोगों की खुशहाली में मुख्य भूमिका निभा सकते हैं। भगवंत सिंह मान ने कहा कि यह हम सभी के लिए गर्व का मौका है कि आज इस ऐतिहासिक समारोह में प्रसिद्ध खिलाड़ियों ने भाग लिया है।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने 1975 की भारतीय हॉकी टीम के खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया और हाल ही में राष्ट्रीय खेलों में भाग लेने वाले 107 खिलाड़ियों को 3.99 करोड़ रुपए के नकद इनाम और 'खेलों खेडां वतन पंजाब दियां' और 'पैरा खेडां वतन पंजाब दियां' में पदक जीतने वाले 13778 खिलाड़ियों को 9.65 करोड़ रुपए के नकद इनाम वितरित किए।
इस मौके पर 1975 के विश्व कप में भाग लेने वाले हॉकी खिलाड़ियों ने मुख्यमंत्री को अपने ऑटोग्राफ वाली हॉकी भी भेंट की।